मदन लाल धींगड़ा (Madan Lal Dhingra)

मदन लाल धींगड़ा (Madan Lal Dhingra)

Category:

  • स्वतंत्रता सेनानी(Freedom Fighter)
  • क्रांतिकारी (Revolutionary)

Biography

Date of Birth: 13-09-1883

Birth Place: अमृतसर, पंजाब, ब्रिटिश भारत

Death Anniversary: 17-08-1909

Summary

मदन लाल धींगड़ा भारत के उन युवा क्रांतिकारियों में से थे जिन्होंने अपने जीवन की आहुति दे कर ब्रिटिशतंत्र के खिलाफ विद्रोह की आग भड़काई। लंदन में रहकर उन्होंने ब्रिटिश अधिकारी सर विलियम हट्ट कर्ज़न वाइली की हत्या कर दी, जिसे उन्होंने भारत पर अत्याचार का प्रतिकार माना।

Description

  1. शिक्षा और शुरुआती जीवन:
    अमृतसर में प्रारंभिक शिक्षा के बाद उन्होंने लाहौर में आवासीय स्वदेशी आंदोलन में भाग लिया। कट्टर राष्ट्रवादी आंदोलन का युद्ध उन्हें क्रांतिकारी राह पर ले गया। बाद में 1906 में उन्होंने यूनिवर्सिटी कॉलेज, लंदन में इंजीनियरिंग के लिए दाखिला लिया।
  2. क्रांतिकारी योगदान:
    लंदन में भारत हाउस और विनायक दामोदर सावरकर के संपर्क में आए। दिनांक 1 जुलाई 1909 को लंदन के ‘इम्पीरियल इंस्टिट्यूट’ में आयोजित एक समारोह में उन्होंने ब्रिटिश राजनीतिक अधिकारी सर कर्ज़न वाइली की हत्या कर दी।
  3. अदालत व फांसी:
    हत्या के 1.5 महीने बाद त्वरित मुकदमे के बाद उन्हें दोषी करार दिया गया और 17 अगस्त 1909 को लंदन के पेंटोनविल जेल में फांसी दी गई।
    • शव की वापसी:
      उनकी राख 12 दिसम्बर 1976 में भारत लाई गई और अमृतसर के माल मंडी क्षेत्र में उनका अंतिम संस्कार हुआ, जहाँ उनके सम्मान में एक स्मारक भी बनाया गया।

Known For

  1. ब्रिटिश अधिकारी की हत्या कर फांसी की सजा पाने वाले पहले भारतीय क्रांतिकारी होने के लिए जाना जाता हैं।
  2. युवा क्रांतिकारी के रूप में, श्री सावरकर जैसे नेताओं से प्रेरणा प्राप्त कर क्रांति के लिए अपनी जान न्योछावर की।